RBI Polymer Banknotes: जाने कैसे बनेंगे खास पॉलीमर नोट, और क्या होगी इनकी उम्र

इंटरनेट डेस्क। प्लास्टिक के नोटों के चलन को लेकर अभी खबरों का बाजार गर्म है। इस बीच बड़ी खबर यह सामने आई हैं की सरकार ने 10 और 20 रुपए के पॉलीमर बैंक नोट के फील्ड ट्रायल को मंजूरी दे दी है। दोनों के 100-100 करोड़ पॉलीमर यानी प्लास्टिक नोट जारी किए जाएंगे। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने मंगलवार को राज्यसभा में लिखित जवाब में यह जानकारी दी।

कैसे बनेंगे ये खास पॉलीमर नोट?
कागजी नोटों की छपाई में कपास और विशेष पेपर का उपयोग होता है, जबकि प्लास्टिक नोटों को एक विशेष सिंथेटिक सामग्री से तैयार किया जाता है।भारतीय रिजर्व बैंक (त्ठप्) जिस पॉलीमर का उपयोग करने जा रहा है, उसे तकनीकी भाषा में बायएक्सियली ओरिएंटेड पॉलीप्रोपाइलीन (ठव्च्च्) कहा जाता है। यह लगभग 90 माइक्रोन की मजबूत और पारदर्शी प्लास्टिक शीट होती है। इसी शीट के ऊपर नोट का अट्रैक्टिव डिजाइन, सीरियल नंबर और अत्याधुनिक सुरक्षा फीचर्स प्रिंट किए जाते हैं।

30 साल तक सुरक्षित और लंबी उम्ररू ₹10 और ₹20 के सामान्य कागजी नोट हाथों-हाथ घूमने, जेब में मुड़ने या पसीने से 1-2 साल में ही गल या फट जाते हैं। इसके विपरीत पॉलीमर नोट बेहद मजबूत होते हैं और लगभग 30 साल तक पूरी तरह सुरक्षित रह सकते हैं।

PC- danik bhaskar